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रेमेडी सेवर इंजेक्शन मामले में डॉक्टर डागा की पत्नी ने मित्तल फार्मा पर उनके पति को धमकाने और फर्जी बिलों पर हस्ताक्षर के लिए दबाव बनाने का मामला दर्ज करवाया है


बीकानेर।डॉक्टर धनपत डागा की पत्नी डॉ कल्पना डागा ने कोटगेट पुलिस थाने में दर्ज मामले में बताया है कि मित्तल फार्मा एजेंसी के मालिक कांति मित्तल एवं उनके अन्य साथी ने रीमेडेसिवर इंजेक्शन के फर्जी ऑर्डर तैयार कर एवं फर्जी बिल बनाकर धोखाधड़ी पूर्ण तरीके से स्वयं के लाभ के लिए और मरीजों को हानि पहुंचाने के लिए बैक डेट में फर्जी और कूट रचित बिल तैयार करवाए। रेमेडीसेवर इंजेक्शन की कालाबाजारी करते हुए उन्होंने इन्हें निर्धारित दरों से कई गुना महंगे दामों पर लोगों को बेचने की कार्यवाही की जिसका मामला एसओजी द्वारा पहले से दर्ज है इस मुकदमे की कार्यवाही से बचने के लिए मित्तल फार्मा के मालिक कांति मालिक और अन्य ने उनके रानी बाजार स्थित घर पर हस्ताक्षर करवाने के लिए कुछ बिल भेजें। जो बिल बैक डेट में तैयार किए हुए थे जबकि इन इंजेक्शनो को मेरे पति ने कभी मंगवाया ही नहीं। इसलिए उन्होंने हस्ताक्षर करने से मना कर दिया तथा इन बिलों की फोटो अपने मोबाइल से खींच कर अपने पास रख ली। डॉक्टर डागा की पत्नी ने कोटगेट पुलिस थाने में दर्ज मामले में बताया है कि गत 12 मई से कांति मित्तल एवं उनके साथियों ने कूट रचित तरीके से जो फर्जी बिल तैयार किए थे उस संदर्भ में मेरे पति को लगातार अनेक तरीकों से धमकाया जा रहा है तथा उन्हें धमकी दी जा रही है कि यदि उन्होंने इन फर्जी बिलों पर हस्ताक्षर नहीं किए तो इसका बुरा अंजाम भुगतना होगा। कोटगेट थाना पुलिस ने मित्तल फार्मा के मालिक कांति मित्तल एवं अन्य के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 465 ,467, 468, 471 ,384 ,387, 389, 506, 120 तथा ईसी एक्ट 3 / 7 धारा 17 , 17 बी, 27 बी , 27 जी औषधि अधिनियम और प्रसाधन सामग्री अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर कोटगेट थाना अधिकारी मनोज माचरा के नेतृत्व में जांच प्रारंभ की है।

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