राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के निर्वाण दिवस को कुष्ठ रोग निवारण दिवस के रूप में मनाएगा स्वास्थ्य विभाग : कुष्ठ रोग के प्रति भ्रांतियों के खिलाफ चलेगा ‘स्पर्श’ अभियान

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बीकानेर, 29 जनवरी। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के निर्वाण दिवस को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग कुष्ठ निवारण दिवस के रूप में मनाएगा। प्रातः 11 बजे 2 मिनट मौन रखकर बापू द्वारा कुष्ठ रोगियों के कल्याण के लिए किए गए प्रयासों को याद किया जाएगा। सीएमएचओ डॉ पुखराज साध ने बताया कि गुरुवार को जिला कलक्टर श्रीमती नम्रता वृष्णि द्वारा कुष्ठ रोग के प्रति जागरूकता हेतु अपना संदेश प्रसारित किया जाएगा। विद्यार्थियों व आमजन के साथ संगोष्ठी, रैली आदि गतिविधियां कर कुष्ठ रोग के प्रति जागरूकता हेतु ‘स्पर्श’ जागरूकता अभियान शुरू किया जाएगा। स्पर्श कुष्ठ रोग जागरूकता पखवाड़ा 13 फरवरी तक चलेगा। इस वर्ष अभियान की थीम है “आईए सब मिलकर जागरुकता बढ़ाएं, भ्रांतियां दूर करें तथा यह सुनिश्चित करें कि कुष्ठ रोग से प्रभावित कोई भी व्यक्ति छूट न जाएं”।
राष्ट्रीय कुष्ठ रोग निवारण कार्यक्रम के जिला नोडल अधिकारी तथा डिप्टी सीएमएचओ स्वास्थ्य डॉ लोकेश गुप्ता ने बताया कि पखवाड़े के दौरान गांवों में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन कर कुष्ठ रोग के प्रति भ्रांतियां को दूर किया जाएगा। घर-घर जाने वाले स्वास्थ्यकर्मी व आशा सहयोगिनियां कुष्ठ रोग की पड़ताल भी करेंगे।

बैक्टीरिया जनित रोग है कुष्ठ
डॉ गुप्ता ने बताया कि कुष्ठ कोई अभिशाप नहीं, एक सामान्य जीवाणु जनित बीमारी है जिसका आसान सा इलाज है। उन्होंने बताया कि कुष्ठ रोग तंत्रिका तंत्र संबंधित बीमारी है, समय पर इलाज करवाने से कुष्ठ रोग पूर्णतया ठीक हो जाता है लेकिन यदि इसके उपचार में लापरवाही बरती जाए, तो और विकृति आ सकती है। देश में 98 प्रतिशत लोग प्राकृतिक रूप से इस बीमारी के प्रति प्रतिरोधक क्षमता रखते है अर्थात मात्र दो प्रतिशत लोग ही इस बीमारी से ग्रसित हो सकते हैं।

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