नए कानून पर परिचर्चा आयोजित

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कानपुर। डॉ सुषमा सेंगर के निवास निराला नगर कानपुर में नारी जाग्रति एवम समस्या निदान केंद्र और साहित्यकार सहयोग संगठन के द्वारा नये कानून को लेकर एक परिचर्चा का आयोजन किया गया !जिसमें पिंक चौकी इंचार्ज रूबी सिंह ने नये कानून के विषय मे बताया और महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक किया |एडवोकेट प्रियांशु और आकांक्षा ने नए कानून में कौन सी धाराएं ख़त्म की गयीं है और कौन सी नई धाराएं आयीं है उनके बारे में बताया और समाजसेवी बहनों के प्रश्नों का जवाब दिया कि ये कानून नये केसों पर लागू होगा जो पुराने केस चल रहे हैं उन पर लागू नहीं होगा डॉक्टर सुषमा सेंगर जी ने बताया परिवार परामर्श केंद्र में आने वाले दंपत्ति को कानूनी लड़ाई में होने वाले समय और पैसे की बरबादी के साथ ही दाम्पत्य जीवन में भी खटास आती है इसलिए पारिवारिक मामलों में सुलह-समझौता ही सबसे उचित विकल्प है साथ ये भी बताया कि सीमा त्रिपाठी ने
*एक साधरण महिला से वीरांगना तक का सफर किस प्रकार मज़बूती के साथ तय किया !
अपने पति के द्वारा सताये जाने के कारण आई मुसीबतों को झेलते हुए अपने जैसी पति और ससुरालियों द्वारा सताई हुई महिलाओं का भी साथ दिया और उचित न्याय दिलाया || सीमा त्रिपाठी ने बताया कि सभी वो पीड़ित महिलाये जिनकी शादी सफल नही होती है उससे निराश न होकर खुश होकर जीवन जिये अपनी शादी की तारीख से एक सीख लें कवयित्री डॉ राधा शाक्य जी ने समाज पर व्यंग्य करते हुए अपनी ग़ज़ल ,” मेरी बातों पे कुछ गौर फरमाइए!
इन सवालों से बचकर किधर जाइये !!” सुनाकर सबका मन मोह लिया | परिचर्चा में डॉ राधा शाक्य ,शुभा,मनीषा, सुमन,सुधा,प्रीति ,दीपिका,जुली तिवारी ,नेविदिता ,पूनम सचान ,सरोज शुक्ला नीतू शिरोमणि आदि ने भाग लिया और सभी ने कानून के बारे में अपने अनुभव साझा किये !

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