मेरे घर चुपके से आए थे राजेंद्र राठौड़’:गहलोत बोले- मेरे अंगूठे के तीन टुकड़े हो गए; अच्छा हुआ, चुनाव में लगती तो प्रचार कैसे करता?

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मेरे घर चुपके से आए थे राजेंद्र राठौड़’:गहलोत बोले- मेरे अंगूठे के तीन टुकड़े हो गए; अच्छा हुआ, चुनाव में लगती तो प्रचार कैसे करता?

जयपुर

नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़(बाएं) को पैर में चोट के बारे में जानकारी देते मुख्यमंत्री अशोक गहलोत(दाएं)। बीच में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीपी जोशी बैठे हैं। - Dainik Bhaskar

नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़(बाएं) को पैर में चोट के बारे में जानकारी देते मुख्यमंत्री अशोक गहलोत(दाएं)। बीच में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीपी जोशी बैठे हैं।

विधानसभा चुनाव नजदीक आने के साथ ही सीएम अशोक गहलोत ने फ्रंट फुट पर आकर सियासी तंज कसने शुरू कर दिए हैं। शनिवार रात विधानसभा के सामने विधायकों के लग्जरी फ्लैट्स के उद्घाटन के मौके पर सीएम अशोक गहलोत ने नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ और बीजेपी पर जमकर तंज कसे।

गहलोत ने राजेंद्र राठौड़ के भतीजे की शादी में नहीं जाने का कारण बताते हुए कहा कि आप मेरे घर ऐसे आए थे, जैसे कोई छुप-छुपकर आया हो। इसके साथ ही पैर में लगी चोट पर बीजेपी नेताओं के बयानों पर उन्होंने कहा कि अच्छा हुआ पहले निपट गया, चुनाव में लगती तो प्रचार कैसे करता।

मेरा हालचाल पूछने की जगह मेरा मजाक उड़ाया
कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ ने कहा कि हम चाहते हैं कि सीएम की दीर्घकालीन पटि्टयां जल्द खुलें। इसके जवाब में गहलोत ने तंज कसते हुए कहा- मैं राठौड़ साहब का शुक्रिया अदा करता हूं कि इन्होंने मेरे जल्द स्वास्थ्य लाभ की कामना की। यह बहुत बड़ी बात है कि राजेंद्र राठौड़ साहब कामना करें, इनकी कामना को स्वीकार करने का मेरा हक बनता है। यह तो डेमोक्रेसी है। नेता प्रतिपक्ष को मेरे हालचाल जानने मेरे घर आना चाहिए था कि क्या हो गया? कहां लग गई?

अगर आप घर आते तो आपकी हाइट बढ़ जाती, यह डेमोक्रेटिक तरीका है। गहलोत ने राठौड़ से कहा- मेरे हालचाल पूछने की जगह आपने और आपकी पार्टी के नेताओं ने मेरी चोट की मजाक उड़ाई। यह कहा कि पैर में कील लग गई है और चीफ मिनिस्टर नाटक कर रहे हैं।

राठौड़ को पैर दिखाते हुए कहा- देखिए, मेरे अंगूठे के तीन टुकड़े हो गए
गहलोत ने नेता प्रतिपक्ष को पैर दिखाते हुए कहा- मेरे दोनों पैर के अंगूठों में चोट है। एक अंगूठे में पूरा नाखून बाहर आ गया और हेयर लाइन फ्रैक्चर हो गया। दूसरे में नाखून बाहर नहीं आया, लेकिन इसके तीन टुकड़े हो गए हैं। अभी भी आप आश्चर्य कर रहे हो, ये आश्चर्य सच्चा वाला कर रहे हो या आर्टिफिशियल? क्योंकि मैं आपकी बॉडी लैंग्वेज देखता हूं। आपका चेहरा पढ़ रहा हूं तो मुझे डाउट हो रहा है कि इसमें भी आप डाउट कर रहे हो क्या? आप आइए घर पर, मैं आपको चाय पिलाउंगा।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राजेंद्र राठौड़ से शिकायत की कि मेरे हालचाल पूछने की जगह आपने और आपकी पार्टी के नेताओं ने मेरी चोट की मजाक उड़ाई।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राजेंद्र राठौड़ से शिकायत की कि मेरे हालचाल पूछने की जगह आपने और आपकी पार्टी के नेताओं ने मेरी चोट की मजाक उड़ाई।

राठौड़ भतीजे की शादी का कार्ड देने आए, बिना चाय पीए भाग गए
गहलोत ने राठौड़ से कहा- मेरी आपसे एक शिकायत है वह आज पूरी कर लेता हूं। ये मेरे घर पर आए, इनके भतीजे की शादी थी, उसका कार्ड देने आए। मुझे बड़ी खुशी हुई उस वक्त तो नेता प्रतिपक्ष थे नहीं। मैंने कहा- राजेंद्र राठौड़ साहब आए हैं घर पर तो नाश्ता वगैरह बनवाओ। चाय पीएंगे, गपशप कर लेंगे। यह भाई तो जैसे चुपके से आया हो, वैसे आए और आकर क्या किया? मैं कार्ड पढ़ता, दुल्हा-दुल्हन के नाम पढ़ता, डिस्कस करता कि कहां संबंध किया, उससे पहले ही नमस्कार करके भाग गए। मैंने क्या किया, हमारे बाकी नेता सब शादी में गए, लेकिन मैं नहीं गया। मैं शादी में सिर्फ इसलिए नहीं गया कि राठौड़ साहब आए क्यों थे? जिस रूप में आकर इनवाइट किया गया, मैं समझता हूं यह कोई इनविटेशन हुआ क्या?

हमारे सब नेता गए, लेकिन मैं शादी में नहीं गया
गहलोत ने कहा- मैं शादी में गया ही नहीं, वरना मैं भी आपकी शोभा बढ़ाता। अगर मुख्यमंत्री वहां पर आता, आपके भतीजा-भतीजी थे, उनको खुशी होती कि मुख्यमंत्री शादी में आए हैं क्योंकि हमारे अंकल राजस्थान के बड़े नेता हैं, आपका भी परिवार में सम्मान बढ़ता, उसमें भी आप चूक गए।

अच्छा हुआ कि अभी चोट लग गई, चुनाव के वक्त चोट लगती तो प्रचार कैसे करता?
गहलोत ने कहा- विधायकों के लिए बने हुए फ्लैट मैंने छह महीने पहले देख लिए थे, बहुत शानदार फ्लैट बने हैं। यह सब सरकार रिपीट होने के शुभ संकेत हैं। हर काम ठीक ढंग से हो रहा है। गहलोत ने राजेंद्र राठौड़ पर तंज कसते हुए कहा कि राठौड़ साहब, आपने तो मजाक उड़ा दी कोई बात नहीं, मैं तो मजाक में ले लेता हूं।

उन्होंने कहा कि चोट लगना भी एक शुभ संकेत है। यही चोट अगर चुनाव के समय लग जाती तो क्या होता? मैं चार-पांच महीने पहले ही चोट से निपट गया। अब मैं जमकर आपके खिलाफ कैंपेन करूंगा। आप बताइए चुनाव के पहले लग जाती तो क्या होता। जो होता है वह ठीक ही होता है, मैं उसे उसी रूप में लेता हूं और इसीलिए आपकी बातों को माइंड नहीं करता।

विधायकों के लग्जरी फ्लैट्स के उद्घाटन के मौके पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, स्पीकर सीपी जोशी और नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ मौजूद रहे।

विधायकों के लग्जरी फ्लैट्स के उद्घाटन के मौके पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, स्पीकर सीपी जोशी और नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ मौजूद रहे।

सीपी जोशी देश भर में नंबर वन स्पीकर
गहलोत ने कहा- राजस्थान में पक्ष और विपक्ष के नेताओं के बीच बहुत अच्छे संबंध रहे हैं। उस परंपरा को कोई तोड़ने का प्रयास करता है तो उसे हम कभी नहीं बख्शेंगे। कोई हमारी महान परंपराओं को ही खत्म करना चाहे, वह कैसे कर सकता है? सीपी जोशी आज केवल राजस्थान के स्पीकर नहीं हैं, तमाम राज्यों में अगर कोई नंबर वन स्पीकर है तो वह सीपी जोशी है। यह बात मैं खाली कहने के लिए नहीं कह रहा हूं। इन्होंने स्पीकर्स के राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय अधिवेशन हुए उनमें अपने विचारों से अपनी पहचान बनाई। तब जाकर डॉक्टर सीपी जोशी का नाम है।

बीजेपी विधायकों ने महंगाई राहत शिविरों का बायकॉट क्यों किया?
गहलोत ने कहा- बीजेपी के विधायकों ने महंगाई राहत शिविरों को बायकॉट क्यों किया? महंगाई राहत कैंप क्या मैंने मेरे लिए लगाए थे क्या? क्या महंगाई की मार मेरे ऊपर थी क्या? गहलोत ने राजेंद्र राठौड़ से कहा- आपको चाहिए था कि आप इसमें लीड लेते। आप भैरों सिंह शेखावत से ट्रेनिंग लिए हुए हो। आपको अपनी पार्टी के अंदर दबाव देकर कहना चाहिए था कि महंगाई राहत कैंपों में हमें भागीदार निभानी चाहिए। आप वह नहीं कर पाए, इसलिए उलाहना दे रहा हूं, आपको उलाहना देना मेरा हक है, आप पुराने नेता हो।

विधायकों के लिए बनाए फ्लैट्स की तस्वीरें।

विधायकों के लिए बनाए फ्लैट्स की तस्वीरें।

444 करोड़ में बने 160 लग्जरी फ्लैट्स
अधिकारियों के मुताबितक राजस्थान विधानसभा के सामने विधायकों के लिए बनाए गए 160 फ्लैट्स की लागत 444 करोड़ रुपए आई है। इस प्रोजेक्ट में आमेर महल की केसर क्यारी की तर्ज पर गार्डन सहित कई हाईटेक सुविधाएं मुहैया कराई गई हैं। कैंपस का हर कोना सीसीटीवी कैमरे की नजर में रहेगा। वहीं यहां 921 चार पहिया वाहन पार्क हो सकते हैं। यह फ्लैट 160 विधायकों को मिलेंगे। बाकि मंत्रियों और अन्य वरिष्ठ विधायकों को सरकारी बंगले आवंटित किए जाएंगे। राजस्थान में 200 विधानसभा सीटे हैं।

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