राजस्थान के विधायकों से सवाल… आपकी पसंद का सीएम कौन?: सर्वे में शामिल 87% विधायक बोले- जो हाईकमान कहेगा, 2 बोले- वसुंधरा

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

राजस्थान के विधायकों से सवाल… आपकी पसंद का सीएम कौन?: सर्वे में शामिल 87% विधायक बोले- जो हाईकमान कहेगा, 2 बोले- वसुंधरा

जयपुर

राजस्थान में भाजपा किसे मुख्यमंत्री बनाएगी ? चुनाव का रिजल्ट घोषित होने के बाद से राजस्थान के हर घर, सड़क, नुक्कड़ और चौराहों पर पूछे जा रहे इस सवाल का जवाब आज शाम तक मिल जाएगा।

भाजपा ने अपने सभी 115 विधायकों को प्रदेश मुख्यालय में बुलाया है। विधायक दल की मीटिंग के बाद संभवत: राजस्थान के नए मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा हो जाएगी।

फिलहाल पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, केन्द्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव और गजेन्द्र सिंह शेखावत सहित करीब एक दर्जन नेताओं के नाम CM की रेस में हैं। भाजपा के लगभग 103 विधायकों से यह जानने की कोशिश की कि वे किसे राजस्थान का सीएम बनाना चाहते हैं?

103 विधायकों को किया फोन, 63 ने जाहिर की राय

103 विधायकों से बात करने की कोशिश की। 30 विधायकों ने फोन रिसीव नहीं किया और 10 जवाब देने के लिए तैयार नहीं थे। इनमें 63 विधायकों ने अपनी राय जाहिर की। सभी से एक ही सवाल पूछा- सीएम के रूप में उनकी पसंद कौन है?

63 में से 55 विधायक यानी 87% ने पीएम नरेन्द्र मोदी और भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के निर्णय को ही सर्वोपरि बताया। 6 विधायकों ने कमल के फूल को ही अपना सीएम बताया। केवल 2 विधायकों ने वसुंधरा राजे के समर्थन में राय प्रकट की।

पढ़िए किस विधायक ने क्या कहा…

भाजपा की रीति-नीति सुस्पष्ट है। यहां सभी निर्णय दूरगामी सोच के साथ होते हैं। पार्टी ने जो तय किया है, वो विधायक दल की बैठक में सामने आएगा। इसके अलावा सब कयास हैं।

-लालाराम बैरवा, शाहपुरा

हमारे पास बहुमत है तो भारतीय जनता पार्टी का कोई भी नेता हो, बतौर सीएम हमारी पसंद भी वो ही होगा।

-जितेंद्र कुमार गोठवाल, खंडार

वरिष्ठ लोग तय करेंगे सीएम। हम तो संगठन के सिपाही हैं। पार्लियामेंट्री बोर्ड तय करता है सीएम।

– पब्बाराम बिश्नोई, फलोदी

पार्टी की पसंद ही सीएम होगा। राजस्थान के लिए जो बेहतर और अच्छा होगा, उसे ही सीएम बनाएंगे।

– प्रतापपुरी, पोकरण

व्यक्तिगत पसंद किसी की कोई भी हो, वो महत्वपूर्ण नहीं है। जो पार्टी नेतृत्व तय करेगा वही सर्वश्रेष्ठ निर्णय होगा।

-अनिता भदेल, अजमेर दक्षिण

हम सबका पहला काम था बहुमत लाना, वो मिल गया है। अब अगला काम है सीएम चुनना। वो पार्टी तय करेगी।

-गोपीचंद मीणा, जहाजपुर

सीएम दिल्ली तय करेगी वहीं होगा। पार्टी में पद को लेकर रेस जैसी कोई बात नहीं है।

-विश्वनाथ मेघवाल, खाजूवाला

हम पार्टी के कार्यकर्ता हैं, पार्टी या संगठन जो आदेश करेगी, वहीं मानेंगे।

-सुमित गोदारा, लूणकरणसर

संगठन निर्धारित करेगा, विधायक दल की बैठक में जो निर्णय होगा वही सीएम होगा।

छगन सिंह राजपुरोहित, आहोर

सीएम पार्टी तय करेगी। जो पार्टी डिसाइड करेगी वहीं सीएम बनेगा।

विश्वराज सिंह मेवाड़, नाथद्वारा

पीएम नरेंद्र मोदी के निर्णय के साथ रहेंगे।

कैलाश चंद मीणा, गढ़ी

हम लोग पीएम मोदी जी की नीतियों से जीते हैं। भाजपा व नरेंद्र मोदी का निर्णय स्वीकार है। उन्हींं के कारण दो बार एमएलए बने हैं।

हरलाल सहारण, चूरू

राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ हैं। वो तय करेंगे, वहीं सीएम होगा।

जगत सिंह, नदबई

आलाकमान जो फैसला करेंगे, वो सर आंखों पर।

-रामबिलास मीणा, लालसोट

राष्ट्रीय नेतृत्व तय करेगा, वही सीएम।

-लक्ष्मण राम, मेड़ता

प्रधानमंत्री जो कहेंगे, वो सीएम है।

शोभा चौहान, सोजत

शीर्ष नेतृत्व का निर्णय पसंद।

देवेंद्र जोशी, सूरसागर

पार्टी नेतृत्व जिसे बनाएगा, उसके साथ हैं।

उदयलाल डांगी, वल्लभनगर

संगठन तय करेगा वही सीएम बनेगा। संगठन सर्वोपरि है।

रामस्वरूप लांबा (नसीराबाद), जयदीप, श्रीगंगानगर

संगठन तय करेगा, व्यक्तिगत कोई पसंद नहीं।

जवाहर सिंह बेढ़म (नगर)

भाजपा संगठन जिसे तय करेगा, वही मुख्यमंत्री बनेगा।

सुरेश सिंह रावत (पुष्कर)

जो पार्टी नेतृत्व का निर्णय होगा वही सर्वश्रेष्ठ निर्णय होगा। इसमें किसी की व्यक्तिगत पसंद नापसंद नहीं होता है।

शंकर सिंह रावत (ब्यावर)

कुछ विधायक बोले- वसुंधरा होनी चाहिए सीएम

विधायक दल की बैठक में निर्णय करेंगे। सक्षम वसुंधरा राजे हैं। उन्हें दो बार का अनुभव है। नए व्यक्ति को समझने में ही छह महीने लग जाएंगे। नए व्यक्ति को लोकसभा चुनाव और राजस्थान को संभालना मुश्किल होगा।

-अर्जुनलाल, बिलाड़ा

इन्होंने भी पीएम मोदी के निर्णय को ही बताया सर्वोच्च

विधायकविधानसभा
जोगेश्वर गर्गजालोर
कुलदीप धनखड़विराटनगर
ओटाराम देवासीसिरोही
दीप्ती माहेश्वरीराजसमंद
सुरेन्द्र सिंह राठौड़कुम्भलगढ़
प्रताप लाल भीलगोगुंदा
समारामपिंडवाड़ा
रमेश खींचीकठूमर
संदीप शर्माकोटा साउथ
हेमंत मीणाप्रतापगढ़
राजेंद्रमहवाह
बाबूलाल खराड़ीझाड़ोल
पुष्पेंद्र सिंहबाली
जब्बर सिंह सांखलाआसींद
ताराचंद,श्रीडूंगरगढ़
धर्मपालखेतड़ी
रामसहाय वर्मानिवाई
डॉ. मंजू बाघमारजायल
विजय सिंहनावां
अविनाश गहलोतजैतारण
केसाराम चौधरीमारवाड़ जक्शन
जोराराम कुमावतसुमेरपुर
बाबूसिंह राठौड़शेरगढ़
अतुल भंसालीजोधपुर
जोगाराम पटेललूणी
छोटू सिंहजैसलमेर
हमीर सिंह भायलसिवाना
झाबर सिंह खर्राश्रीमाधोपुर

ये बोले- बाद में बात करते हैं

अंशुमान सिंह (कोलायत), राधेश्याम बैरवा (बारां-अटरू), भागचंद (बांदीकुई), विक्रम सिंह जाखल (नलवगढ़), जसवंत सिंह यादव (बहरोड़), वीरेन्द्र सिंह कानावत (मसूदा), कंवरलाल (अंता), संजीव कुमार (भादरा), सुभाष मील ( खंडेला) और दर्शन सिंह ( करौली)। किसी ने बाद में बात करने, किसी ने मीटिंग में व्यस्त होने तो किसी ने जयपुर आकर विस्तार से बात करने का कहकर जवाब टाल दिया।

ये बोले-सीएम का चेहरा कमल का फूल

संजय शर्मा (अलवर), फूल सिंह मीणा (उदयपुर ग्रामीण), गौतम कुमार (बड़ी सादड़ी) जेठानंद व्यास, (बीकानेर पश्चिम), गोरधन (धोद) , शैलेष सिंह (डीग) आदि ने यह जवाब दिया कि सीएम का चेहरा तो केवल कमल का फूल ही है।

इन्होंने नहीं उठाया फोन

विधायकविधानसभा
वसुंधरा राजेझालरापाटन
दीया कुमारीविद्याधर नगर
आदूराम बासियाचौहटन
राज्यवर्द्धन राठौड़झोटवाड़ा
अजय सिंह किलकडेगाना
उदयलाल भडानामांडल
गजेन्द्र सिंह खींवसरलोहावट
कल्पना देवीलाडपुरा
महेन्द्र पाल मीणाजमवारामगढ़
राम अवतार बैरवाचाकसू
गोपाल शर्मासिविल लाइंस
गोपाल खंडेलवालमांडलगढ़
शत्रुघ्न गौतमकेकड़ी
श्रीचंद कृपलानीनिम्बाहेड़ा
बालमुकुंद आचार्यहवामहल
हंसराज पटेलकोटपूतली
प्रेमचंद बैरवादूदू
कैलाश वर्माबगरू
सिद्धि कुमारीबीकानेर ईस्ट
देवी सिंह शेखावतबानसूर
गुरवीर सिंहसादुलशहर
सुभाष मीलखंडेला
नोक्षम चौधरीकामां
हंसराज मीनासपोटरा
भागचंद टांकड़ाबांदीकुई
विक्रम बंशीवालसिकराय
कन्हैयालालमालपुरा
भैराराम चौधरी सियोलओसियां
अरुण चौधरीपचपदरा
कृष्ण कुमार विश्नोईगुड़ा मालानी

बातचीत का निष्कर्ष : नरेंद्र मोदी के चेहरे पर चुनाव लड़ा तो तय भी वे ही करेंगे

राजस्थान भाजपा के विधायकों से बात करने पर इतना तो तय हो गया कि विधायकों के बीच यह बात पूर्णत: स्पष्ट है कि यह चुनाव पीएम नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में और उनकी कमान के तहत लड़ा गया था। जीत भी उन्हीं के खाते में है। मुख्यमंत्री का चेहरा भी किसी को भी घोषित नहीं किया गया था। पीएम मोदी ने स्वयं जयपुर में कहा था कि मुख्यमंत्री का चेहरा केवल कमल का फूल है। ऐसे में विधायक अब किसी पसंदीदा नेता का नाम बतौर सीएम जाहिर करने से बच रहे हैं।

Categories:
error: Content is protected !!