Some Of My Projects

Design of a mobile app develops

AI Based Social Networks

NFT Buy and Sell Platform

Web Traffic Management

राजस्थान में घट सकते हैं पेट्रोल-डीजल के दाम:CM ने अफसरों से तैयारी को कहा; कितने कम हो सकते हैं रेट, कब होगी घोषणा?

TIN NETWORK
FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

राजस्थान में घट सकते हैं पेट्रोल-डीजल के दाम:CM ने अफसरों से तैयारी को कहा; कितने कम हो सकते हैं रेट, कब होगी घोषणा?

भजनलाल सरकार जल्द ही पेट्रोल व डीजल के दाम घटा सकती है। सूत्रों के अनुसार राजस्थान में पेट्रोल व डीजल के दाम 2 से 9 रुपए तक घटाए जा सकते हैं। यह कमी केन्द्र व राज्य सरकार दोनों मिलकर करेंगे।

केंद्र कुछ एक्साइज ड्यूटी घटाएगा तो वहीं राज्य वैट कम करेगा। जिसके बाद पेट्रोल के दाम 100 रुपए और डीजल के दाम 90 रुपए की रेंज से नीचे आ सकते हैं।

कब तक पेट्रोल-डीजल के दाम घटाने की घोषणा होगी? सरकार की कितनी तैयारी है? दाम कितने हो सकते हैं? पढ़िए इस स्पेशल स्टोरी में…

मुख्यमंत्री ने वित्त विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया है।

मुख्यमंत्री ने वित्त विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया है।

कितने घटेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम?

राजस्थान में पेट्रोल व डीजल के दाम क्रमश: 108.50 व 94 रुपए प्रति लीटर तक हैं, जो पंजाब, हरियाणा, उत्तरप्रदेश, गुजरात, मध्यप्रदेश जैसे पड़ोसी राज्यों की तुलना में सबसे ज्यादा है। आगामी लोकसभा चुनाव को देखते हुए पेट्रोल-डीजल के दाम अधिकतम 9 रुपए तक कम किए जा सकते हैं। क्योंकि एक-दो रुपए घटाने से वैसा असर नहीं दिखेगा, जिससे आमजन को लगे कि उसे वाकई फायदा हुआ है।

कब होगी घोषणा?

सूत्रों की मानें तो वित्त विभाग अभी समीक्षा करने में जुटा है। मार्च के मध्य तक देश भर में लोकसभा चुनावों की आचार संहिता लग जाएगी। ऐसे में राजस्थान सरकार यह घोषणा फरवरी में कर सकती है।

8 फरवरी को विधानसभा में बजट लेखानुदान पेश करने के दौरान या उससे पहले ही यह घोषणा हो सकती है। इसके लिए राजस्थान सरकार पेट्रोल-डीजल पर राज्य में लगने वाले टैक्स (वैट) को घटाएगी। इस घोषणा से राज्य सरकार पर लगभग 4000-5000 करोड़ रुपए का भार आएगा।

केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ने हाल ही में मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी।

केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ने हाल ही में मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी।

केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ने भास्कर को बताया- मुख्यमंत्री की पूरी तैयारी

राज्य सरकार ने जैसलमेर-बाड़मेर क्षेत्र स्थित रिफाइनरी का वित्तीय फीडबैक भी लिया है। सांसद व केन्द्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने हाल ही इस संबंध में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से मुलाकात भी की थी।

इस मुलाकात के बाद चौधरी ने भास्कर को बताया कि राजस्थान में पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी जल्द ही की जाएगी। सीएम शर्मा ने अपने स्तर पर इसका अध्ययन पूरा कर लिया है।

6 महीने की समीक्षा रिपोर्ट में खुलासा- 38% घटी पेट्रोल पर वैट से कमाई

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 4 जनवरी को वित्त विभाग की समीक्षा की थी। यह समीक्षा एक अप्रेल से 30 सितंबर (2023) के अर्द्धवार्षिक (छह माही) कार्यकाल की गई। इस दौरान करीब 18 हजार 398 करोड़ रुपए का राजस्व घाटा राज्य की अर्थव्यवस्था में दिख रहा है।

पेट्रोल पर टैक्स से जो आय राज्य सरकार को होती है, वो इस पीरियड में 1777.36 करोड़ रुपए रही, जो वर्ष 2022 (अप्रैल-सितंबर) की तुलना में करीब 38.61 प्रतिशत कम रही है। उस पीरियड में सरकार को 2895.37 करोड़ रुपए मिले थे। राज्य सरकार के लिए यह सबसे बड़ी चिंता और चुनौती की बात है कि इन परिस्थितियों में किस तरह से पेट्रोल-डीजल के दाम घटाएगी।

समीक्षा रिपोर्ट में राजस्व आय कम होने का खुलासा हुआ है।

समीक्षा रिपोर्ट में राजस्व आय कम होने का खुलासा हुआ है।

आखिर क्यों पेट्रोल-डीजल के दाम घटाने को तैयार हुई बीजेपी….

1. PM ने किया था वादा, अब फरवरी में दाम घटने लगभग तय

भाजपा जब विपक्ष में थी (2018-2023) तब उसने इसे लेकर हमेशा कांग्रेस सरकार पर हमला बोला था। भाजपा ने विधानसभा चुनावों से ठीक पहले राजस्थान में चुनावी सभाओं में भी इस मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा था। पीएम नरेन्द्र मोदी ने जयपुर में वादा किया था कि राजस्थान में भाजपा की सरकार बनने के बाद में पेट्रोल-डीजल के दामों की समीक्षा करवाई जाएगी।

2. लोकसभा चुनाव के लिए मास्टर स्ट्रोक, मोदी की तीसरी गारंटी पूरी होने का प्रचार

लोकसभा की सभी 25 सीटें राजस्थान में लगातार दो चुनावों से कांग्रेस हार रही है। भाजपा इन सीटों में से इस बार भी एक भी सीट जाने नहीं देना चाहती। भाजपा सरकार फरवरी में पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी करके चुनावों में उतरना चाहेगी। इसे भाजपा मोदी की तीसरी गारंटी पूरी करने के तौर पर प्रचारित करेगी।

पहली गारंटी : भाजपा अब तक गैस सिलेंडर के दाम 450 रुपए करने को पीएम मोदी की पहली गारंटी बता रही है।

दूसरी गारंटी : सोमवार को पार्टी व सरकार दोनों ने ईआरसीपी के लिए राजस्थान, मध्यप्रदेश व केन्द्र सरकार के स्तर पर एमओयू होने को पीएम मोदी की दूसरी गारंटी पूरी होने का प्रचार किया है।

अब भाजपा की केन्द्र सरकार, राज्य सरकार और पार्टी पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी को पीएम मोदी की तीसरी गारंटी पूरी होने का प्रचार करने की तैयारी में है।

ईआरसीपी की मांग को पूरा करने के बाद सीएम का ट्वीट।

ईआरसीपी की मांग को पूरा करने के बाद सीएम का ट्वीट।

3. संगठन के फीडबैक में भी था पेट्रोल-डीजल के दाम घटाना

भाजपा संगठन की ओर से भी सरकार को पेट्रोल-डीजल के दाम घटाने का फीडबैक मिला है। इसके बाद से सरकार इस कोशिश में है कि पेट्रोल की कीमतों को 100 और डीजल की कीमतों को 90 रुपए से कम के आंकड़े तक लाया जाए, ताकि भाजपा के निर्णय का साफ असर आम लोगों पर पड़ सके। एक-दो रुपए घटाने से वो असर पैदा नहीं हो सकेगा, जिससे आम-जन को लगे कि उसे वाकई फायदा हुआ है।

राजस्थान में बिकने लगा सबसे महंगा पेट्रोल

पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने 2020 में पेट्रोल पर 12 फीसदी और डीजल पर 10 फीसदी वैट स्टेप बाय स्टेप बढ़ाया था, जिसे 2021 में 2 फीसदी घटाया। इसके बाद 21 मई 2022 को केंद्र सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में क्रमश: 8 रुपए और 6 रुपए की कटौती की थी।

फिलहाल प्रदेश में पेट्रोल पर 31.04 प्रतिशत वैट के साथ ही 1.50 रुपए प्रति लीटर रोड डेवलपमेंट सैस भी वसूला जा रहा है। वहीं, डीजल पर 19.30 प्रतिशत वैट के साथ 1.75 रुपए प्रति लीटर सैस वसूला जा रहा है। यही कारण है कि पड़ोसी राज्यों के मुकाबले सबसे महंगा पेट्रोल राजस्थान में मिल रहा है।

  • राजस्थान की तुलना में पंजाब में पेट्रोल और डीजल क्रमश: 98.52 और 88.89 रुपए प्रति लीटर है।
  • उत्तर प्रदेश में पेट्रोल व डीजल की कीमत 96.38 और 89.36 रुपए प्रति लीटर है।
  • हरियाणा में पेट्रोल व डीजल की कीमत 97.10 और 90.37 रुपए प्रति लीटर है।
  • मध्यप्रदेश में पेट्रोल व डीजल की कीमत 109.50 और 93.94 रुपए प्रति लीटर है।
  • गुजरात में पेट्रोल व डीजल की कीमत 96.49 और 92.76 रुपए प्रति लीटर है।
  • दिल्ली में पेट्रोल व डीजल की कीमत 96.72 और 89.62 रुपए प्रति लीटर है।
राजस्थान में पेट्रोल बाकी राज्यों की तुलना में 11 रुपए तक ज्यादा महंगा बिकता है।

राजस्थान में पेट्रोल बाकी राज्यों की तुलना में 11 रुपए तक ज्यादा महंगा बिकता है।

पेट्रोल-डीजल की कीमतों से सीधा असर पड़ता है महंगाई पर

पेट्रोल-डीजल की कीमतें ज्यादा होने पर सब्जी, दूध, फल, अनाज, दाल, तेल, घी जैसी रोजमर्रा की जरूरत वाली वस्तुओं की कीमतें भी ज्यादा रहती हैं क्योंकि उन्हें उत्पादन स्थल से बाजार या मंडी तक लाने में कीमत बढ़ जाती है।

ऑटो-रिक्शा, बस, कार-टैक्सी आदि का किराया भी पेट्रोल-डीजल के हिसाब से ज्यादा रहता है। जब कीमतें कम होती हैं, तो इनका भाड़ा भी कम होता है और आम लोगों को वाहन चलाने में भी बचत होती है।

पीएम मोदी ने कहा था- लुटेरी है गहलोत सरकार, रोज मारती है 12 रुपए

पीएम मोदी विधानसभा चुनावों के दौरान राजस्थान में जब सभाएं कर रहे थे, तब 18 और 20 नवंबर को-2023 को उन्होंने राजस्थान की कांग्रेस सरकार को पेट्रोल-डीजल के ज्यादा दामों के लिए लुटेरी सरकार कहा था। उन्होंने कहा था कि पड़ोसी राज्यों यूपी और गुजरात में 100 रुपए से कम कीमत पर पेट्रोल मिल रहा है, लेकिन राजस्थान में नहीं। केन्द्र सरकार पेट्रोल-डीजल के दाम कम कर चुकी है, लेकिन राजस्थान की कांग्रेस सरकार अपने राज्य में दाम घटाने को तैयार नहीं है।

यूपी, गुजरात और हरियाणा में लगभग 97 रुपए और राजस्थान में लगभग 109 रुपए प्रति लीटर पेट्रोल की कीमत है। कांग्रेस सरकार प्रत्येक एक लीटर पेट्रोल पर राजस्थान के लोगों की जेब से 12 रुपए मारती है। तब पीएम मोदी ने कहा था कि यह मेरा वादा है इसे मोदी की गारंटी समझना कि राजस्थान में भाजपा की सरकार बनते ही कांग्रेस का यह खेल खत्म हो जाएगा।

क्या कहते हैं एक्सपर्ट

राजनीतिक विश्लेषक वेद माथुर का मानना है कि अगर राजस्थान में पेट्रोल व डीजल के दाम कम किए गए तो यह भाजपा का लोकसभा चुनावों से पहले असली मास्टर स्ट्रोक होगा। वित्तीय घाटा अवश्य होगा, लेकिन यह जन हितैषी कदम है। इसके लिए घाटा-लाभ नहीं देखा जा सकता। वरिष्ठ पत्रकार भूपेंद्र ओझा का कहना है कि भाजपा की साख है कि पीएम मोदी जो कहते हैं वो करते हैं। चूंकि यह वादा उन्होंने विधानसभा चुनावों में किया था, तो जाहिर है कि इसे पूरा भी करना चाहेंगे।

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
Categories:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!