सिटी पार्क में वाॅक पर निकले सीएम गहलोत:जिम में एक्सरसाइज की, UDH मंत्री संग नहर किनारे टहले; 100 करोड़ के प्रोजेक्ट की हुई शुरुआत

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

सिटी पार्क में वाॅक पर निकले सीएम गहलोत:जिम में एक्सरसाइज की, UDH मंत्री संग नहर किनारे टहले; 100 करोड़ के प्रोजेक्ट की हुई शुरुआत

कोटा

कोटा में सीएम ने ऑक्सीजोन पार्क का लोकार्पण किया है। यह पार्क रोजाना 1 करोड़ लीटर से ज्यादा ऑक्सीजन का निर्माण करेगा। - Dainik Bhaskar

कोटा में सीएम ने ऑक्सीजोन पार्क का लोकार्पण किया है। यह पार्क रोजाना 1 करोड़ लीटर से ज्यादा ऑक्सीजन का निर्माण करेगा।

कोटा शहर को प्राकृतिक ऑक्सीजन फैक्ट्री की सौगात मिली है। बुधवार को सीएम अशोक गहलोत ने नए कोटा शहर में ऑक्सीजोन सिटी पार्क का लोकार्पण किया। उन्होंने यहां सिटी पार्क को निहारा और यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल के साथ दौरा किया। 100 करोड़ की लागत से बने इस पार्क से कोटा में पर्यटन बूम आने की संभावनाएं जताई गई है। दावा है कि पार्क से रोजाना 1 करोड़ लीटर ऑक्सीजन का निर्माण होगा। पार्क के बीच में एक नहर विकसित की गई है। और इसके आसपास पार्क का निर्माण किया गया है। जिसमें 20 हजार पेड़ लगाएं गए हैं और डेढ़ लाख पौधे लगे हैं। साथ ही किड्स जोन समेत कैफे और रेस्टोरेंट का निर्माण किया गया है।

सीएम अशोक गहलोत ने ऑक्सीजोन पार्क का उद्घाटन किया। इस दौरान पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा, शिक्षा मंत्री बीडी कल्ला, यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल, सिरोही विधायक संयम लोढ़ा, RCA प्रेसिडेंट वैभव गहलोत और आर्किटेक्ट अनूप बरतरिया मौजूद रहे।

सीएम अशोक गहलोत ने ऑक्सीजोन पार्क का उद्घाटन किया। इस दौरान पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा, शिक्षा मंत्री बीडी कल्ला, यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल, सिरोही विधायक संयम लोढ़ा, RCA प्रेसिडेंट वैभव गहलोत और आर्किटेक्ट अनूप बरतरिया मौजूद रहे।

सिटी पार्क को निहारा
कल मंगलवार के दौरे को निरस्त करने के बाद सीएम ने आज यहां सुबह 11 बजे ऑक्सीजोन सिटी पार्क का उद्घाटन किया। उन्होंने यहां बोटिंग की और पूरे प्रोजेक्ट को लेकर यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल से चर्चा की। इसके बाद नहर में मंत्रियों-विधायकों के साथ सीएम ने नाव के जरिए पूरे का जायजा लिया। सीएम ने 1200 मीटर लम्बी नहर में बोटिंग का लुत्फ भी उठाया।

मुख्यमंत्री गहलोत ने मंत्रिमंडल सदस्यों और विधायकों के साथ सिटी पार्क ऑक्सीजन का अवलोकन किया। यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल ने उन्हें पार्क में हुए कामों के बारे में जानकारी दी। इसके बाद सभी मेहमानों और सीएम ने ट्रीमैन स्टैच्यू के नीचे फोटो सेशन करवाया। सीएम गहलोत ने यहां पौधरोपण भी किया। इसके बाद दोपहर 12:00 बजे राष्ट्रपति की आयुष्मान भव योजना को लेकर हुई वीसी (वीडियो कॉन्फ्रेंस) से जुड़े।

सीएम गहलोत ने सिटी पार्ट का अवलोकन करने के दौरान यहां बने ओपन जिम स्पेस में एक्सरसाइज भी की।

सीएम गहलोत ने सिटी पार्ट का अवलोकन करने के दौरान यहां बने ओपन जिम स्पेस में एक्सरसाइज भी की।

इस दौरान पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा, शिक्षा मंत्री बीडी कल्ला, सिरोही विधायक संयम लोढ़ा, RCA प्रेसिडेंट वैभव गहलोत और आर्किटेक्ट अनूप बरतरिया मौजूद रहे। इसके साथ ही खाद्य मंत्री और कांग्रेस की चुनाव अभियान समिति के मेंबर प्रताप सिंह खाचरियावास, गो पालन मंत्री मंत्री प्रमोद जैन भाया, उद्योग देवस्थान मंत्री शकुंतला रावत, स्वास्थ्य मंत्री परसादी लाल मीणा और सामाजिक न्याय एवं आधिकारिता मंत्री टीकाराम जूली भी कोटा पहुंचे हैं।

सिटी पार्क में बोटिंग का लुत्फ उठाते सीएम, कैबिनेट मंत्री, विधायक और डेलीगेट्स।

सिटी पार्क में बोटिंग का लुत्फ उठाते सीएम, कैबिनेट मंत्री, विधायक और डेलीगेट्स।

जंगल के बीच से निकल रही नहर
ऑक्सीजोन पार्क किसी हॉलीवुड फिल्म के सेट से कम नहीं है। इस पार्क में घने जंगल के बीच से निकल रही नहर भी है जहां नाव चलेगी। यहां टावर पर रेस्टोरेंट होगा और कम्युनिटी हॉल भी है। पार्क में शीश महल है और अलग-अलग वैरायटी के फूल भी है। 71 एकड़ में बने इस पार्क को विकसित करने में 100 करोड़ रुपए की लागत आई है। यहां पहले आईएल कॉलोनी हुआ करती थी। ऑक्सीजोन सिटी पार्क में 1200 मीटर की नहर है, इस नहर में हमेशा फिल्टर पानी का ही उपयोग होगा।

ऑक्सीजोन सिटी पार्क में 1200 मीटर की नहर है, इस नहर में हमेशा फिल्टर पानी का ही उपयोग होगा।

ऑक्सीजोन सिटी पार्क में 1200 मीटर की नहर है, इस नहर में हमेशा फिल्टर पानी का ही उपयोग होगा।

यहां नहर से जुड़े डक पौंड और झरनों में भी फिल्टर पानी का उपयोग किया जा रहा है। यह नहर पूरे पार्क को कवर करती है और नहर से भी पर्यटक पूरे पार्क का नजारा देख सकेंगे। नहर में बोट भी चल रही है। नहर में तीन जगह पर बोटिंग पॉइंट बनाए गए हैं। नहर में औसत डेढ़ मीटर तक पानी रहेगा। तालाब से 10 मीटर की दूरी पर ही पक्षियों के बैठने के लिए अंडे के आकार का एक पिंजरा बनाया है, जो एक तरफ से खुला है। यह ढांचा 30 डिग्री इंक्लाइन यानी तिरछी स्थिति में बनाया गया है। इसमें पक्षी आसानी से बैठ सकेंगे। पार्क की इस जगह 25 प्रजाति के पक्षी रहेंगे।

पार्क में 17 हजार बडे़ पेड़, बीस हजार पेड़ों से एक घना जंगल तैयार किया गया है।

पार्क में 17 हजार बडे़ पेड़, बीस हजार पेड़ों से एक घना जंगल तैयार किया गया है।

डेढ़ लाख से ज्यादा पौधे, आठ किलोमीटर तक ऑक्सीजन
इस पार्क में लाखों की तादाद में पेड़ पौधे है जो कि नेचुरल ऑक्सीजन प्रोड्यूस करेंगे। पार्क में 20 हजार पेड़ों से एक घना जंगल तैयार किया गया है। इसके अलावा डेढ़ लाख से ज्यादा पौधे लगाए गए हैं। पौधे अलग-अलग प्रजाति के हैं और उनके अलग-अलग जोन बनाए गए हैं। बादाम के पेड़ों का जंगल बनाया गया है और उसके बीचो बीच बैठने की व्यवस्था की गई है।

इसके अलावा यहां बादाम, नीम, और देशी, विदेशी फूलों के ब्लॉक तैयार किए गए हैं। बादाम के पौधे हैदराबाद से मंगाए गए हैं। पार्क का टेम्परेचर भी इन पेड़ों की वजह से 5 डिग्री तक कम महसूस होगा। इस पार्क में डेली एक करोड़ लीटर से ज्यादा ऑक्सीजन का प्रोडक्शन होगा। दावा है कि आठ किलोमीटर तक शुद्ध ऑक्सीजन मिलेगी।

पार्क में आने वाले बच्चों के लिए अलग से किड्स का जोन बनाया गया है। जहां अलग-अलग प्रकार के झूले लगाए गए हैं

पार्क में आने वाले बच्चों के लिए अलग से किड्स का जोन बनाया गया है। जहां अलग-अलग प्रकार के झूले लगाए गए हैं

टॉवर पर रेस्टोरेंट, बच्चों के लिए किड्स जोन
ऑक्सीजोन पार्क में जगह-जगह कैफे भी बनाए गए हैं जो कि वाईफाई युक्त रहेंगे। इसके अलावा यहां कम्युनिटी हॉल और रेस्टोरेंट भी बनाया जा रहा है। यह रेस्टोरेंट टावर पर होगा जैसे कि पानी की टंकी का ऊपरी हिस्सा होता है। पार्क में आने वाले बच्चों के लिए अलग से किड्स जोन बनाया गया है। जहां अलग अलग प्रकार के झूले लगाए गए हैं। साथ ही भूल भुलैया भी बनाई गई है। इसके अलावा काइनेटिक टावर को ऐसे डिजाइन किया है, जो हवा के साथ घूमेगा। यह भी बच्चों के लिए रोचक रहेगा।

पिरामिड तिकोने वाले भाग पर जमीन से टिका हुआ है। यह पिरामिड स्क्रीन की तरह काम करेगा

पिरामिड तिकोने वाले भाग पर जमीन से टिका हुआ है। यह पिरामिड स्क्रीन की तरह काम करेगा

उल्टा पिरामिड, थिएटर की तरह स्क्रीन पर चलेंगे वीडियो
इस पार्क में व्हाइट मार्बल से बना उल्टा पिरामिड लगाया गया है। पिरामिड तिकोने वाले भाग पर जमीन से टिका हुआ है। यह पिरामिड स्क्रीन की तरह काम करेगा। यहां लोगों को थिएटर की तरह स्क्रीन पर अलग-अलग प्रोफाइल के वीडियो (आर्ट शो, डॉक्युमेंट्री) देखने को मिलेगी।

इसके चारों कोनों से पिक्चर एक जैसी दिखाई देगी। इसके लिए एक प्रोफाइल सॉफ्टवेयर भी डेवलप किया गया है। म्यूजिक के लिए साउंड सिस्टम भी लगाया गया है। यहां साइंस पार्क और बॉटनिकल पार्क भी तैयार किया गया है, जहां स्टूडेंटस पेड़-पौधों की लाइव स्टडी कर सकेंगे। यहां अलग-अलग प्रजाति के पौधों पर रिसर्च कर सकेंगे।

जहां ऑक्सीजोन पार्क का निर्माण किया गया है वो जगह पहले आईएल फैक्ट्री आवासीय कॉलोनी हुआ करती थी।

जहां ऑक्सीजोन पार्क का निर्माण किया गया है वो जगह पहले आईएल फैक्ट्री आवासीय कॉलोनी हुआ करती थी।

दो साल, 400 मजदूरों ने लगातार किया काम
जहां ऑक्सीजोन पार्क का निर्माण किया गया है वो जगह पहले आईएल फैक्ट्री आवासीय कॉलोनी हुआ करती थी। फैक्ट्री बंद होने के बाद सरकार ने जमीन अधिग्रहित की और यहां पार्क विकसित करवाया गया है। यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल ने यहां पार्क विकसित करने के निर्देश दिए थे, जिसमें लोगों के मनोरंजन की बेहतरीन सुविधा हो। यूआईटी ने प्लान तैयार किया और पार्क का काम शुरू किया गया। दो साल तक इसका काम चला और चार सौ से ज्यादा मजदूरों ने इसमें काम किया है।

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
Categories:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!