नई शिक्षा नीति 2020 भारत को फिर से विश्व गुरु बनने की ओर उन्मुख कर सकती है तथा इससे बेरोजगारी पर भी अंकुश लगाया जा सकता है :: प्रोफेसर अम्बरीष विद्यार्थी, कुलपति बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय

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बीकानेर। बीकानेर तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अम्बरीष विद्यार्थी ने विशेष बातचीत में बताया कि हाल ही में घोषित नवीन शिक्षा नीति 2020 के अनुसार विश्वविद्यालयों को भी विशेष निर्देश दिए गए हैं ।उन्होंने कहा कि भारतीय शिक्षा तीन ध्रुवों शिक्षक, शिक्षार्थी तथा पाठ्यक्रम के आसपास घूमती है। नवीन शिक्षा नीति में विद्यार्थी को केंद्र में रखकर उसके लिए नवीन व्यवस्था दी गई है कि विद्यार्थी अपनी रूचि के अनुसार विभिन्न पाठ्यक्रमों का चयन कर सकता है। प्रोफेसर विद्यार्थी ने बताया कि इसी के अंतर्गत अब मैकेनिकल इंजीनियरिंग का विद्यार्थी ऑटोमेशन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस या अन्य किसी क्षेत्र में कोई और कोर्स भी साथ में कर सकता है। इसके अलावा अध्यापक भी अपनी रुचि के हिसाब से ऑफलाइन अथवा ऑनलाइन प्रशिक्षण प्राप्त कर सकते हैं ।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय तथा सरकार की वित्तीय सहायता से चल रहे हब्स में यह व्यवस्था की गई है जिससे भारत विश्व गुरु बनने की दिशा में अग्रसर हो सकता है। इसके साथ ही इस नवाचार से भारत की एक प्रमुख समस्या बेरोजगारी से भी निजात पाई जा सकती है।
इसी दौरान कौशल विकास एवं उद्यम मंत्रालय द्वारा चलाए जा रहे हैं स्किल एजुकेशन कार्यक्रम पर अपने विचार रखते हुए प्रोफेसर विद्यार्थी ने कहा कि कौशल आधारित शिक्षा से ग्रामीणों एवं गांव के विकास में मदद मिलेगी इस दिशा में विश्वविद्यालय द्वारा भी एग्रीकल्चर मैनेजमेंट मैकेनिकल तथा सिविल इंजीनियरिंग तथा सोलर सेल विकसित करने पर कार्य किया जा रहा है इसके अलावा भारतीय किसानों के बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी की मुहिम से जुड़े प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि किसान के बच्चों की आत्मनिर्भरता हेतु कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से जैविक उत्पाद फार्म मशीनरी कम पानी की फसलें बायो कीटनाशक का प्रयोग सहित अनेक प्रोजेक्ट पर विश्वविद्यालय द्वारा कार्य किया जा रहा है।

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