महारानी सुदर्शन कन्या महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना की चारों इकाइयों के संयुक्त तत्वाधान में एन.एस.एस दिवस का आयोजन

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

बीकानेर। महारानी सुदर्शन कन्या महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना की चारों इकाइयों के संयुक्त तत्वाधान में एन.एस.एस दिवस का आयोजन किया गया ।सर्वप्रथम स्वच्छता पखवाड़ा के तहत एन.एस.एस. स्वयंसेविकाओं ने सुदर्शन वाटिका व आसपास के क्षेत्र की सफाई की साथ ही महारानी सुदर्शना जी की प्रतिमा को साफ किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत वरिष्ठ संकाय सदस्य डॉ. श्रुति गोस्वामी, डॉ श्रद्धा व एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी डॉ विनोद कुमारी, डॉ हिमांशु कांडपाल, डॉ अंजु सांगवा व डॉ.सुनीता बिश्नोई के द्वारा मां सरस्वती के चरणों में पुष्प अर्पित कर व दीप प्रज्वलित करके की ।
डॉ. श्रुति गोस्वामी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए उन्हें एन एस एस के माध्यम से समाज व राष्ट्र सेवा के क्षेत्र में आगे आने के लिए आह्वान किया ।
आज के कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. श्रद्धा ने अपने व्याख्यान की शुरुआत करते हुए छात्राओं से पूछा की एन एस एस क्यों लिया ?इसके क्या फायदे हैं? एन.एस. एस.का विचार कैसे व कहां से आया के बारे में प्रत्युत्तर देते हुए कहा कि महात्मा गांधी ने समाज की समस्याओं के समाधान का स्रोत युवा पीढ़ी को माना,अतः युवा शक्ति को समाज के जोड़ने के विचार से प्रेरित होकर एन एस एस के विचार को मूर्त रूप देने का कार्य किया।
महाविद्यालय में एन एस एस योजना की शुरुआत 1969 में आर वी राव ने की ।
इसके अंतर्गत 1973 में डर्ट एंड डिजीज इसके बाद आगे रूरल कंस्ट्रक्शनस के लिए भी गतिविधियां एन एस एस कार्यकर्ताओं ने की ।
1985 से 1993 तक साक्षरता अभियान चलाया गया ।
1995 से 96 तक सस्टेनेबल डेवलपमेंट पर कार्य किया गया।
डॉ. श्रद्धा ने एनएसएस लोगो के प्रतिकार्थ समझाते हुए इसके उद्देश्य “मैं नहीं तुम” को स्पष्ट किया। एनएसएस प्रभारी डॉ विनोद कुमारी ने कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए छात्राओं को अलबेंडाजोल गोली की जानकारी देते हुए कृमि मुक्त भारत अभियान की जानकारी दी, उन्होंने कृमि संक्रमण के लक्षण बताते हुए जैसे भूख न लगना, ज्यादा भूख लगना ,शरीर में सुस्ती रहना,एनीमिया होना,चेहरे पर सफेद दाग होना आदि की जानकारी दी।
कृमि संक्रमण के कारण जैसे मिट्टी के संपर्क में रहना तथा बचाव के रूप में हाथ धोना, नाखून काटना, स्वच्छता रखना ,साफ फल व सब्जियां काम में लेना आदि की जानकारी दी ।
कार्यक्रम का संचालन डॉ हिमांशु कांडपाल व डॉ सुनीता बिश्नोई ने किया ।कार्यक्रम में एन.एस.एस.की चारों इकाई प्रतिनिधि हर्षिता शर्मा, खुशबू परिहार, पूजा सोनीवाल व विजयलक्ष्मी मेघवाल तथा एनएसएस की अन्य छात्राएं उपस्थित रही।
अंत में छात्राओं में अल्पाहार वितरित किया गया ।

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
Categories:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!