दो दिवसीय राष्ट्रीय राजस्थानी संगोष्ठी: करणीदान बारहठ जन्मशती समारोह 29 – 30 अक्टूबर को

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

जोधपुर । साहित्य अकादेमी, जेएनवीयू के राजस्थानी विभाग एवं रम्मत संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में राजस्थानी भाषा-साहित्य के ख्यातनाम रचनाकार ‘ करणीदान बारहठ जन्मशती समारोह ‘ पर 29-30 अक्टूबर को दो दिवसीय राष्ट्रीय राजस्थानी संगोष्ठी का आयोजन नया परिसर,भाषा प्रकोष्ठ स्थित राजस्थानी सभागार में किया जायेगा।

राष्ट्रीय राजस्थानी संगोष्ठी के संयोजक डाॅ.गजेसिंह राजपुरोहित ने बताया कि संगोष्ठी का उदघाटन ख्यातनाम कवि-आलोचक प्रोफेसर (डाॅ.) अर्जुनदेव चारण की अध्यक्षता, प्रतिष्ठित रचनाकार मधु आचार्य के मुख्य आतिथ्य एवं कलां संकाय अधिष्ठाता प्रोफेसर (डाॅ.) मंगलाराम बिश्नोई के विशिष्ट आतिथ्य में होगा।इस अवसर पर साहित्य अकादेमी के उप सचिव देवेन्द्र कुमार देवेश स्वागत उद्बोधन देंगे।

विभिन्न तकनीकी सत्र : दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी में श्री रामस्वरूप किसान, डाॅ.मदन सैनी, श्री मीठेश निर्मोही, डाॅ.गजेसिंह राजपुरोहित एवं डाॅ.राजेन्द्र बारहठ की अध्यक्षता में आयोजित विभिन्न साहित्यिक सत्रों में प्रतिष्ठित विद्वान डाॅ.सत्यनारायण सोनी, श्री विजय बारहठ, डाॅ.सतपालसिंह खाती, श्री संजय पुरोहित, डाॅ.कृष्ण कुमार आशु, श्रीमती संतोष चौधरी, श्री हरीश बी.शर्मा, डाॅ.शिवराज भारतीय, डाॅ.प्रकाशदान चारण एवं राम पांचाल अपने आलोचनात्मक शोध आलेख प्रस्तुत करेंगे। डाॅ.धनंजया अमरावत, डाॅ.मीनाक्षी बोराणा, डाॅ.रामरतन लटियाल, डाॅ.इन्द्रदान चारण एवं डाॅ. जितेन्द्रसिंह साठिका संगोष्ठी के विभिन्न सत्रों का संयोजन करेंगे।

समापन समारोह : प्रतिष्ठित कवि-आलोचक डाॅ.मंगत बादल की अध्यक्षता एवं जेएनवीयू में कलां संकाय के पूर्व अधिष्ठाता प्रोफेसर (डाॅ.) के.एल.रैगर के मुख्य आतिथ्य में 30 अक्टूबर को दोपहर तीन बजे सम्पन्न होगा । इस अवसर पर राजस्थानी विभागाध्यक्ष डाॅ.गजेसिंह राजपुरोहित आभार व्यक्त करेंगे। संगोष्ठी में विश्वविद्यालय के शिक्षक, राजस्थानी रचनाकार, शोध-छात्र एवं विधार्थी मौजूद रहेंगे।

Categories:
error: Content is protected !!