आरएनबी ग्लोबल यूनिवर्सिटी का उत्कृष्टता का एक दशक पूर्ण, वैश्विक उच्च शिक्षा की ओर सशक्त कदम…

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बीकानेर, 02 अगस्त 2025
आरएनबी ग्लोबल यूनिवर्सिटी, बीकानेर ने अपने स्थापना के 10 वर्षों की पूर्णता के अवसर पर अपने शैक्षणिक, सामाजिक और नवाचार से जुड़े महत्त्वपूर्ण पहलुओं को सार्वजनिक किया। विश्वविद्यालय के वाइस चेयरमैन श्री के. के. बजाज और प्रेसिडेंट प्रो. राकेश भार्गव ने इस अवसर पर विश्वविद्यालय की उपलब्धियों, भावी योजनाओं और शिक्षा के क्षेत्र में उसके योगदान की विस्तृत जानकारी साझा की।

कार्यक्रम की शुरुआत डिजिटल दीप प्रज्वलन, सरस्वती वंदना और राष्ट्रगान के साथ हुई। विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने पारंपरिक तरीके से सभी अतिथियों और पत्रकारों का तिलक व पुष्प अर्पण कर स्वागत किया।

वाइस चेयरमैन श्री के. के. बजाज ने बताया कि वर्ष 2015 में राजस्थान विधान सभा के अधिनियम के अंतर्गत स्थापित यह विश्वविद्यालय आज पश्चिमी राजस्थान में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी संस्थान बन चुका है। 86 एकड़ में फैले इसके हरित परिसर में आधुनिक शैक्षणिक संरचना और समर्पित शिक्षाविदों के माध्यम से यह संस्थान नित नई ऊँचाइयाँ छू रहा है। दस वर्षों के अल्पकाल में विश्वविद्यालय को NAAC द्वारा “A” ग्रेड प्रदान किया गया है। इसके विधि पाठ्यक्रमों को बार काउंसिल ऑफ इंडिया तथा कृषि पाठ्यक्रम को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद की मान्यता प्राप्त है।

उन्होंने कहा कि कोविड-19 वैश्विक संकट के दौरान विश्वविद्यालय ने मात्र तीन दिनों में डिजिटल शिक्षा प्रारंभ कर अपनी तत्परता और दक्षता का परिचय दिया। विश्वविद्यालय में विज्ञान, वाणिज्य, प्रबंधन, विधि और कला विषयों में स्नातक से डॉक्टरेट स्तर तक की शिक्षा उपलब्ध है। ये सभी पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप संरचित हैं। भारतीय ज्ञान परंपरा (IKS) आधारित 25 वैल्यू एडेड कोर्स विद्यार्थियों को समग्र विकास की ओर उन्मुख करते हैं।

प्रो. राकेश भार्गव ने बताया कि आरएनबी ग्लोबल यूनिवर्सिटी शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक उत्तरदायित्व भी निभा रही है। ‘उन्नत भारत अभियान’ के तहत पाँच गाँवों को गोद लिया गया है, जहाँ सतत विकास के प्रयास किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय की लीगल एड क्लिनिक के माध्यम से नि:शुल्क विधिक सहायता दी जा रही है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय अब तक 800 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित कर चुका है, साथ ही 31 पेटेंट और 72 राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय समझौते (MoUs) विश्वविद्यालय की शोध संस्कृति को दर्शाते हैं।

भविष्य की योजनाओं में डिस्टेंस एजुकेशन, ITEP (Integrated Teacher Education Programme) और विदेशी विद्यार्थियों के लिए बहुसांस्कृतिक शिक्षण वातावरण का विकास शामिल है।

प्लेसमेंट के क्षेत्र में भी आरएनबी ने उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है। Deloitte, TCS, Infosys, Wipro और HDFC Bank जैसी प्रतिष्ठित कंपनियों में विद्यार्थियों को रोजगार के अवसर उपलब्ध हुए हैं। विश्वविद्यालय का परिसर पर्यावरणीय स्थायित्व की दृष्टि से सौर ऊर्जा, वर्षा जल संचयन और शून्य-कार्बन उत्सर्जन जैसे नवाचारों को अपनाकर एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है।

यह संस्थान स्वर्गीय श्री जगन्नाथ जी बजाज की उस दूरदृष्टि का प्रतिफल है, जिसका उद्देश्य समाज के वंचित और पिछड़े वर्गों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से सशक्त बनाना था। आरएनबी ग्लोबल यूनिवर्सिटी आज उसी सोच को मूर्त रूप देते हुए न केवल क्षेत्रीय बल्कि वैश्विक स्तर पर उच्च शिक्षा का एक सशक्त केंद्र बनकर उभर रहा है।

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