बीकानेर में सिंधी गौरव का शाही सम्मान, लाखों की भाषा संस्कृति का अनमोल उत्थान.

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

बीकानेर में सिंधी गौरव का शाही सम्मान, लाखों की भाषा संस्कृति का अनमोल उत्थान, क्या है भव्य आयोजन का संदेश, विधायक सिद्धि कुमारी का राज सी आशीर्वाद , सिंधी गुरु और नारी शक्ति को मिला करोड़ों का सम्मान, बीकानेर में गूंजे संस्कृति के स्वर्णिम तराने.

विधायक सिद्धि कुमारी की मौजूदगी में सिंधी गौरव: भाषा और संस्कार के अध्यापकों का अभिनंदन, एक सार्थक पहल के साथ 1947 के विस्थापन का दर्द मेंहनती समाज के लिए

बीकानेर, राजस्थान: सांस्कृतिक समृद्धि और भाषाई धरोहर के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, बीकानेर में सिंधी भाषा और संस्कृति के अध्यापन व संवर्धन में लगे गुरुओं का एक भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया। अमरलाल मंदिर ट्रस्ट बहराना मंडली बीकानेर और भारतीय सिंधु सभा के संयुक्त तत्वावधान में, पत्रकार के. कुमार आहूजा के कुशल संयोजन में यह समारोह बीकानेर के सिंधी समाज के लिए गौरव का क्षण बन गया। यह आयोजन सिर्फ सम्मान तक सीमित नहीं था, बल्कि सिंधी भाषा और संस्कृति के भविष्य को संवारने का एक सशक्त माध्यम भी था।

सिंधी गुरुओं का सम्मान: विधायक और समाजसेवी की गरिमामयी उपस्थिति
इस प्रतिष्ठित समारोह में बीकानेर पूर्व की माननीय विधायक सुश्री सिद्धि कुमारी और समाजसेवी सुधा आचार्य ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उनके कर-कमलों से सिंधी गुरुओं – सुरेश केसवानी, नीता समतानी, कांता वाधवानी, भारती गुवालानी, कांता हेमनानी, पवन खत्री, रीता भल्ला, रोहिताश कुमार, अनिल डेंबला और दीपा केसवानी को सम्मानित किया गया। यह सम्मान सिंधी भाषा और संस्कृति के प्रति उनके निस्वार्थ योगदान को मान्यता देने वाला था, जिसने उनके वर्षों की मेहनत को सराहा।

विशिष्ट अतिथियों का उद्बोधन: गौरवशाली परंपराओं का स्मरण
कार्यक्रम की विशिष्ट अतिथि सुधा आचार्य ने अपने उद्बोधन में सिंधी समाज के गौरवशाली इतिहास और समृद्ध परंपराओं का स्मरण कराया। उन्होंने सिंधी संस्कृति की विशिष्टता और उसके संरक्षण के महत्व पर जोर दिया। वहीं, मुख्य अतिथि विधायक सिद्धि कुमारी ने सिंधी समाज को ‘पुरुषार्थी’ और ‘मेहनती’ समाज बताया, जो अपनी कड़ी मेहनत और लगन से हर क्षेत्र में सफल हो रहा है। उन्होंने समाज को अपनी संस्कृति और भाषा से जुड़े रहने के लिए प्रेरित किया।

अतिथियों का सम्मान और सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ
कार्यक्रम का संचालन पत्रकार के. कुमार आहूजा द्वारा बेहद प्रभावशाली ढंग से किया गया। समारोह से पूर्व, अमरलाल मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष सतीश रिझवानी, दीपक आहूजा, किशन सदारंगानी, रमेश केसवानी, नानक हिंदुस्तानी और पदमा टिलवानी द्वारा अतिथिगणों सुश्री सिद्धि कुमारी व श्रीमती सुधा आचार्य का शॉल ओढ़ाकर एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मान किया गया। इस अवसर पर ईश्वर गोरवानी और राजू मोटवानी ने श्रीश्याम व झूलेलाल के मधुर गीत गाकर वातावरण को भक्तिमय बना दिया, जिसने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।

उपस्थित गणमान्य और प्रशस्ति पत्र से सम्मान
मान सिंह मामनानी, हंसराज मूलचंदानी, अशोक खत्री, मनोज विधानी, कमल वासवानी और पीतांबर सोनी ने अतिथियों का माल्यार्पण कर स्वागत किया। इस अवसर पर सिंधी समाज में विशिष्ट योगदान के लिए कमलेश खत्री, माधुरी मामनानी और रेखा वाधवानी को प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया। अंत में, पत्रकार के. कुमार आहूजा और सुरेश केशवानी ने कार्यक्रम से जुड़े सभी प्रबुद्ध जनों, उपस्थित अतिथियों और सहयोगियों का हार्दिक आभार व्यक्त किया, जिससे यह सफल आयोजन संभव हो सका। यह समारोह सिंधी भाषा और संस्कृति के प्रति जागरूकता बढ़ाने और भविष्य की पीढ़ियों को इससे जोड़ने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित हुआ।
. बीकानेर में ‘सिंधी गौरव’ का शाही सम्मान: लाखों की भाषा-संस्कृति का ‘अनमोल’ उत्थान, क्या है इस ‘भव्य’ आयोजन का संदेश?

  1. विधायक सिद्धि कुमारी का ‘राजसी’ आशीर्वाद: सिंधी गुरुओं को मिला ‘करोड़ों’ का सम्मान, बीकानेर में गूंजे संस्कृति के ‘स्वर्णिम’ तराने!
FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
Categories:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!