बीकानेर। प्रेस बयान जारी करते हुए जिला सचिव फरजाना ने बताया कि आज अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की बीकानेर जिला कमेटी की बैठक जिला कार्यालय में जिला अध्यक्ष शारदा सियाग की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में आगामी 20 जुलाई से 13 अगस्त तक मानसून सत्र के दौरान संसद पर आयोजित होने वाले धरने को लेकर गंभीर चर्चा की गई और इसकी सफलता के लिए रणनीति तैयार की गई।
महिला समिति की इस बैठक में मुख्य रूप से संसद और विधायिका में 33 प्रतिशत महिला आरक्षण को तुरंत (अभी से) लागू करने की मांग उठाई जाएगी । इसी मांग को बुलंद करने के लिए आगामी दिनों में संसद के सामने एक विशाल धरना दिया जाएगा। बीकानेर जिले से अधिक से अधिक महिलाओं की इस धरने में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए एक ठोस कार्ययोजना बनाई गई। आंदोलन को प्रभावी बनाने के लिए संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गईं, ताकि जिले के कोने-कोने से महिलाएं दिल्ली पहुंचकर अपनी आवाज मुखर कर सकें।
इस अवसर पर अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की राज्य महासचिव डॉ. सीमा जैन ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि परिसीमान और जनगणना की शर्त के बिना महिलाओं को उनका हक और प्रतिनिधित्व बिना किसी अडचन के मिलना चाहिए और इसके लिए आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने बीकानेर की महिलाओं से भारी संख्या में इस धरने में शामिल होने का आह्वान किया।
मीटिंग के दौरान महिला आरक्षण के लंबे और संघर्षशील इतिहास पर प्रकाश डालने के लिए पूर्व सांसद सुभाषिनी अली द्वारा लिखी गई पुस्तिका का वितरण भी किया गया, ताकि कार्यकर्ता इस संघर्ष की पृष्ठभूमि को गहराई से समझ सकें।
बैठक में जिला सचिव फरजाना, उर्मिला विश्नोई, रहमत, भगवानी चौधरी, पिंकी विश्नोई तथा समिति के अन्य प्रमुख पदाधिकारी और महिला कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।















