NATIONAL NEWS

राजस्थान में महिला अधिकारियों की बैठक आयोजित, प्रदेश कार्यकारिणी का हुआ पुनर्गठन

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

जयपुर: आज राजस्थान महिला अधिकारी एवं कर्मचारी एकीकृत महासंघ की एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। जिसमें प्रदेश कार्यकारिणी के पुनर्गठन पर चर्चा करते हुए नव-पदाधिकारियों का चुनाव किया गया।
महासंघ की प्रवक्ता डॉ संजुला थानवी ने बताया कि बैठक के दौरान महासंघ के आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा पर भी विचार विमर्श किया गया। जिसमें बालिका शिक्षा एवं सरकारी योजनाओं को साधारण विशेष तक पहुँचाने के प्रयासों के साथ ही सामाजिक सरोकार के कार्यों जैसे राहगीरों, पशु-पक्षीयों हेतु जल व्यवस्था, वृक्षारोपण व अनाथ असहाय बच्चों के लिए कार्य करने पर विचार किया गया।

विभागीय प्रतिनिधियों द्वारा उठाए गए महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। विशेष रूप से यह सुझाव दिया गया कि राज्य के सभी सरकारी कार्यालयों में क्रेच (बाल देखभाल केंद्र) की सुविधा अनिवार्य रूप से उपलब्ध होनी चाहिए, जिससे कार्यालय समय में कामकाजी महिलाओं के छोटे बच्चों को सुरक्षित वातावरण में देखभाल की सुविधा मिल सके। नर्सेज कैडेर द्वारा , महिला-पुरूष पदोन्नती में भेदभाव का विषय भी उठाया गया।

बैठक में भाग लेने वाली महिला अधिकारियों ने इस हेतु अब तक किये गये प्रयासों में गती लाने पर ज़ोर दिया। सभी महिला अधिकारीयों ने महासंघ के भविष्य की दिशा में मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया। महासंघ का उद्देश्य महिलाओं के हितों की रक्षा करना, उनके कार्यस्थल की परिस्थितियों में सुधार लाना और प्रशासनिक स्तर पर उनकी भागीदारी को सशक्त बनाना है।
बैठक में पहलगाम में निर्दोष निहत्थे पर्यटकों पर किये गए आतंकी हमले की अत्यंत ह्रदयविदारक अमानवीय कुकर्त्य के रूप में निंदा की गई और दिंवगत आत्माओं की शांति के लिए मौन प्रार्थना की गई ।
बैठक की अध्यक्षता महासंघ की संरक्षक डॉ नसरीन भारती, अध्यक्ष विजेता चारण, महासचिव अंजु हर्ष एवं कोषाध्यक्ष अंजु गोयल ने की। सम्माननीय सदस्य अंजुरानी जी एवं नवीन पदाधिकारी डॉ वंदना कल्ला, कविता जोशी, कल्पना देबाना, स्वाति दीक्षित, नीलम नावरीया, मितेश झाझरीया, शाइस्ता खान, कविता खण्डेलवाल, डॉ आशालता, डॉ पुनम सैनी एवं अन्य उपस्थित रहे।

महासंघ में बड़ी संख्या में नई सदस्याओं ने सदस्यता ग्रहण की। जिससे इसकी ज़िम्मेदारीयों और दायित्व में और अधिक वृद्धि हुई है

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
error: Content is protected !!