महारानी कॉलेज में मनाया गया कर्तव्य बोध दिवस एवं पराक्रम दिवस

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बीकानेर। राजकीय महारानी सुदर्शन कन्या महाविद्यालय, बीकानेर में आज सुभाष चंद्र बोस जयंती (पराक्रम दिवस) के अवसर पर अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, राजस्थान (उच्च शिक्षा) की स्थानीय इकाई द्वारा कर्तव्य बोध दिवस कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के प्रारंभ में अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती एवं नेताजी सुभाष चंद्र बोस की तस्वीरों के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर पुष्पांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय बीकानेर के माननीय कुलपति श्रीमान् आचार्य मनोज दीक्षित ने ने अपने उद्बोधन में कहा कि कर्तव्य और अधिकार दोनों ही भारतीय परिपेक्ष में व्यापकता लिए हुए हैं किंतु इनके बोधक अंग्रेजी शब्द बहुत ही सीमित दायरे में प्रयोग होते हैं। आचार्य दीक्षित ने अधिकारों को व्यक्ति सापेक्ष तथा कर्तव्यों को समाज सापेक्ष बताया। शिक्षा की स्वायत्तता तथा इतिहास का सही ज्ञान भारत को उन्नति की ओर ले जा सकता है। आचार्य दीक्षित ने कहा कि कर्तव्य का सही बोध यदि करना है, तो भगवान राम कर्तव्य के प्रेरणा स्रोत है।
मुख्य वक्ता के उद्बोधन से पूर्व में एबीआरएसएम राजस्थान (उच्च शिक्षा) के प्रदेश महामंत्री आचार्य डॉ. दिग्विजय सिंह ने एबीआरएसएम के इतिहास, उद्देश्य एवं वर्ष पर्यन्त होने वाले कार्यक्रमों एवं गतिविधियों की जानकारी दी । आचार्य डाॅ. सिंह ने स्वामी विवेकानंद एवं नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जीवन का परिचय करवाते हुए कर्तव्य के महत्व को बताते हुए सभी से अपेक्षा की कि प्रत्येक व्यक्ति को निष्ठापूर्वक अपने कर्तव्यों का निर्वहन करना चाहिए अधिकारों की प्राप्ति स्वत: ही हो जाएगी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए महाविद्यालय की प्राचार्य डाॅ. नन्दिता सिंघवी ने अपने उद्बोधन में भगवान श्री राम के पारिवारिक दायित्वों से प्रेरणा लेने की बात कही। डॉक्टर सिंह भी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जीवन प्रसंगों से भी अवगत करवाया। कार्यक्रम का संचालन एबीआरएसएम के विभाग सहसंयोजक डॉ. उज्ज्वल गोस्वामी ने किया। कार्यक्रम में आचार्य अजंता गहलोत आचार्य संजू श्रीमाली, आचार्य हनुमान मल देवडा, आचार्य शशि वर्मा, आचार्य नूरजहां, श्री रविंद्र शर्मा, डाॅ. हेमेंद्र अरोड़ा, डाॅ. सुनीता बिश्नोई, डॉ अंजू सांगवा तथा महाविद्यालय के अन्य संकाय सदस्य तथा डूंगर महाविद्यालय बीकानेर के विभिन्न संकाय सदस्य एवं महाविद्यालय की छात्राएं उपस्थित रहे।
कर्तव्य बोध दिवस के उपरांत महाविद्यालय में सुभाष चंद्र जयंती के उपलक्ष्य में पराक्रम दिवस का आयोजन किया गया, जिसके मुख्य वक्ता डॉ राज नारायण व्यास ने अपने उद्बोधन में विद्यार्थियों को स्वामी विवेकानंद, नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जीवन प्रसंगों को बताया तथा प्रत्येक व्यक्ति को इनसे प्रेरणा लेकर कार्य करने का आह्वान किया पराक्रम दिवस के कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य डॉक्टर नंदिता सिंघवी ने की तथा कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर उज्ज्वल गोस्वामी ने किया।

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