NATIONAL NEWS

राजस्थान हाईकोर्ट के इतिहास में पहली बार पति-पत्नी जज:डीजे शुभा मेहता की नियुक्ति को केन्द्र ने दी मंजूरी; एडवोकेट कुलदीप माथुर भी बने जज

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

राजस्थान हाईकोर्ट के इतिहास में पहली बार पति-पत्नी जज:डीजे शुभा मेहता की नियुक्ति को केन्द्र ने दी मंजूरी; एडवोकेट कुलदीप माथुर भी बने जज
राजस्थान हाईकोर्ट के इतिहास में पहली बार ऐसा देखने को मिलेगा जब पति-पत्नी हाईकोर्ट में जज के रूप में एक साथ काम करेंगे। केन्द्र सरकार ने राष्ट्रपति से मंजूरी मिलने के बाद आज राजस्थान हाईकोर्ट में दो जजों की नियुक्ति की है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मंजूरी मिलने के बाद एडवोकेट कुलदीप माथुर और जिला न्यायाधीश (डीजे) शुभा मेहता की नियुक्ति को केन्द्र सरकार ने मंजूरी दी हैं।इन दो नए जजों की नियुक्ति के साथ ही राजस्थान हाईकोर्ट में ये पहली बार है जब पति और पत्नी दोनो ही हाईकोर्ट के जज बने है। डीजे शुभा मेहता के पति जस्टिस महेन्द्र कुमार गोयल अभी राजस्थान हाईकोर्ट में जज हैं। लॉ में गोल्ड मेडलिस्ट जस्टिस गोयल 6 नवंबर 2019 को जज नियुक्त किए गए थे। जस्टिस महेन्द्र कुमार अधिवक्ता कोटे से राजस्थान हाईकोर्ट में जज बने थे। गोयल के पिता अनूप चंद गोयल भी राजस्थान हाईकोर्ट में जज रह चुके है।

अक्टूबर 2021 में की थी सिफारिश
जानकारों के मुताबिक अक्टूबर 2021 में सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम ने इन दोनों जजों के लिए राष्ट्रपति को सिफारिश की थी, जिसे राष्ट्रपति मंजरी दी थी। आज 2 नए जज बनने के बाद अब राजस्थान हाईकोर्ट में जजों की संख्या 25 से बढ़कर 27 हो जाएगी। वर्तमान में राजस्थान हाईकोर्ट में 50 पद जज के स्वीकृत है।

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
error: Content is protected !!