सार्वजनिक निर्माण विभाग में बनाई टास्क फोर्स:प्रदेश में नए एक्सप्रेस हाईवे के लिए 6 महीने में पेश होगी रिपोर्ट

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

सार्वजनिक निर्माण विभाग में बनाई टास्क फोर्स:प्रदेश में नए एक्सप्रेस हाईवे के लिए 6 महीने में पेश होगी रिपोर्ट

प्रदेश में नए एक्सप्रेस हाईवे बनाने की संभावनाओं को तलाशने के लिए सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने टास्क फोर्स का गठन किया है। विभाग के चीफ इंजीनीयर समेत अन्य इंजीनियरों की बनाई ये कमेटी 6 माह में अपनी रिपोर्ट देगी। ये कमेटी राजस्थान में कहां-कहां नए एक्सप्रेस-वे बनाए जा सकते है इस पर रिपोर्ट तैयार करेगी।

उप मुख्यमंत्री और पीडब्ल्यूडी मंत्री दीया कुमारी के निर्देश पर टास्क फोर्स का गठन किया है। इस फोर्स में पीडब्ल्यूडी के चीफ इंजीनियर संजीव माथुर, मुख्य अभियंता (एनएच) डीआर मेघवाल, मुख्य अभियंता (गुणवत्ता नियंत्रण) विकास दीक्षित, अधीक्षण अभियंता मुकेश भाटी के अलावा अनुप गहराना, अनुपम गुप्ता और राजीव अग्रवाल को शामिल किया है।

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान को भारत की एक्सप्रेसवे राजधानी बनाने का सरकार का लक्ष्य है और उसी लक्ष्य के अनुरूप संकल्प पत्र-2023 की क्रियान्विती में इस टास्क फोर्स का गठन किया है। यह टास्क फोर्स 6 माह में नए सम्भावित एक्सप्रेसवेज का चिह्नीकरण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।

आपको बता दें कि प्रदेश में अभी दो बड़े एक्सप्रेस-वे गुजर रहे हैं। एक दिल्ली-वडोदरा और दूसरा अमृतसर-जामनगर एक्सप्रेस-वे है। दिल्ली-वडोदरा एक्सप्रेस-वे का करीब 374 किलोमीटर का हिस्सा गुजरता है। अमृतसर-जामनगर एक्सप्रेस-वे का 637 किलोमीटर का हिस्सा गुजरता है। इन दोनों एक्सप्रेस-वे को जोड़ने के लिए सर्वे का काम चल रहा है। ये एक्सप्रेस-वे पचपदरा से लालसोट के बीच बनाना प्रस्तावित है।

Categories:
error: Content is protected !!