नशा मुक्त शहर अभियान : युवाओं की शक्ति, ऊर्जा और उद्देश्य की स्पष्टता बदल सकती है शहर का भविष्य

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बीकानेर| ह्यूमन राइट्स इंटरनेशनल फेडरेशन द्वारा करणी सिंह स्टेडियम में कैरियर डिफेंस एंड स्पोर्ट्स अकादमी के छात्र-छात्राओं के साथ नशा मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया|

ह्यूमन राइट्स की नेशनल चीफ एडमिनिस्ट्रेटर डॉ. अर्पिता गुप्ता ने कहा कि क्षेत्र में लंबे समय से मादक पदार्थों व नशीली दवाइयों का सेवन करने वाले लोगांे की संख्या में वृद्धि हुई है। नशा करने से परिवार में आर्थिक नुकसान होने के साथ उसके स्वास्थ्य पर भी गलत असर पड़ता है। कुछ नशीली दवाइयां ऐसी होती हैं जिसकी लत से समय रहते व्यक्ति को दूर नहीं जाए तो वह उसकी मौत का कारण भी बन जाती है। शहर में शराब, गुटखा, बीड़ी, सिगरेट का चलन ज्यादा है। लेकिन क्षेत्र की तंग बस्तियों में कुछ अलग प्रकार का नशा किया जाता है। आज के युवाओं को नशे से दूर करने के लिए हमें समाज को जागरूक करने की जरूरत है।
सचिव प्रिया भार्गव ने कहा कि खेल में भागीदारी से नशा जैसे अवगुणों से बचा जा सकता है। उन्होंने छात्रों को समाज में नशाखोरी के खिलाफ संदेश फैलाने की भी सलाह दी। स्नेहा शर्मा, श्रष्टि शेखावत, शगुन ने नशा रोकने के लिए घरेलु उपाय नींबू-पानी, नारियल पानी, जीरा-पानी, अदरक की चाय, फल इत्यादि का सेवन करने व हेल्दी और फिट रखने के लिए योग अपनाने को कहा|

अकादमी के कोच पुखराज मेघवाल ने बताया यदि किसी मेडिकल स्टोर पर अवैध रूप से नशे की दवाइयां बेची जा रही हैं तो, नागरिक राजस्थान संपर्क पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
नीलम, कुलदीप बिश्नोई, गौरव महात्मा, नवीन, लक्ष्मण ने सभी को नशा ना करने व आस पास मे नशे सम्बंधित गतिविधि रोकने की सभी को शपथ दिलवाई|

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