बीकानेर के संगीत प्रेमी कर सकेंगे गजल, सूफी संगीत एवं सुमधुर गीतों का रसास्वादन।दिल्ली घराने की सुप्रसिद्ध गायिका एवं टीम की बीकानेर में प्रस्तुतियां

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बीकानेर के संगीत प्रेमी गजलों, सूफी गीतों एवं समधुर गीतों का आनन्द ले सकेंगे। विरासत संवर्द्धन संस्थान के संस्थापक टोडरमल लालानी ने बताया कि दिल्ली घराने की प्रतिनिधि विषिष्ट गायिका वुसत इकबाल खान एवं उनकी टीम द्वारा गंगाशहर में नये बस स्टेण्ड के पीछे टी. एम. ऑडिटोरियम में 17 अगस्त, रविवार को सायं 7.30 बजे सुमधुर गीतों की प्रस्तुतियां दी जायेगी। लालानी ने बताया कि इस आयोजन में संगत करने वाले संगतकारों की टीम भी दिल्ली से ही समागत होगी। इस हेतु लगभग
10 संगीतकारों की टीम रविवार सुबह ही बीकानेर पहुंच जायेगी। संस्थान के उपाध्यक्ष कामेश्वर प्रसाद सहल ने बताया कि श्री टी. एम. लालाणी, जो गंगाशहर-बीकानेर (राजस्थान) के मूल निवासी एवं फरीदाबाद प्रवासी हैं, ने विरासत संवर्द्धन संस्थान का गठन किया है। संस्था द्वारा देश भर के ख्यातनाम कलाकारों को समय-समय पर आमंत्रित कर बीकानेर में भव्य व मनमोहक आयोजन होते रहें हैं। मंत्री भैरवप्रसाद कत्थक ने बताया कि विरासत संवर्द्धन संस्थान के तत्वावधान में राजस्थानी लोक गीतों में निष्णात गायक/ गायिकाओं को तैयार करने और उनमें निखार लाने के प्रयासों का प्रारम्भ मधुर संगीत के गायक-गायिकाओं की तलाश हेतु अनेक आयोजन व गतिविधियां भी की जाती है। नये उभरते संगीत कलाकारों के लिए पारंगत संगीत प्रशिक्षक पं. पुखराज शर्मा के निर्देशन में नियमित प्रशिक्षण की व्यवस्था भी संस्थान द्वारा पिछले लम्बे समय से जारी है। इसके माध्यम से अब तक सैकड़ों कलाकार प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं। आयोजन प्रभारी हेमन्त डागा ने कहा कि संस्थान द्वारा इन आयोजनों से बीकानेर संगीत साधकों व संगीत रसिकों को तुष्टि प्राप्त होती है, साथ ही उभरते कलाकारों को मंच प्राप्त होता है व आगे बढ़ने का प्रोत्साहन मिलता है। डागा ने बताया कि आयोजन से सम्बन्धित सभी व्यवस्थाओं के लिए अलग-अलग दायित्व दिये गये हैं।

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