स्पर्श संरक्षक श्री नवीन जैन (IAS) का इंडिया इंटरनेशनल स्कूल (IIS) मानसरोवर के विधार्थियों के साथ सीधा संवाद ! पढ़े खबर

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare

स्पर्श संरक्षक श्री नवीन जैन (IAS) का इंडिया इंटरनेशनल स्कूल (IIS) मानसरोवर के विधार्थियों के साथ सीधा संवाद

https://twitter.com/TIN_NETWORK__/status/1788140963837190171?t=6ZUl88xqaw74WrSrxWRqJw&s=19

सेफ पिंकसिटी मिशन के शानदार प्रयासों की श्रंखला में इंडिया इंटरनेशनल स्कूल मानसरोवर में स्पर्श के प्रणेता एवं संरक्षक श्री नवीन जैन की लीडरशिप के साथ टीनएज बालक बालिकाओं के विशेष सत्रों का आयोजन किया गया। श्री नवीन जैन ने वर्तमान संदर्भों में टीनएज समूह की चुनौतियों से निपटने के लिए बहुत ही सरल एवं सहज भाषा में करूणा, कृतज्ञता, सूचना एवं व्याहारिक ज्ञान के अंतर एवं समाज की ऋण चुकाने पर विभिन्न अनुभवों का कहानियों के माध्यम से रोचक व प्रभावी प्रस्तुतिकरण दिया। श्री जैन ने सोशल मीडिया के फायदे एवं नुकसान को बहुत बारीकी से समझाते हुए बच्चों को नकारात्मकता से दूर रहने एवं सकारात्मकता को अपने व्यकित्व में आत्मसात करने की नसीहत दी। आपने Sexual abuse के बढ़ते मामलों को गंभीरता से लेने की आवश्यकता बताते हुए जागरूक बने रहने, प्रारंभिक शुरूआत में ही घटना को साझा करने के लिए को प्रेरित किया। आपने बताया कि राजस्थान में अगस्त माह में सुरक्षित स्कूल सुरक्षित राजस्थान के माध्यम से 65 लाख बालक बालिकाओं को गुड टचः बैड टच की अवधारणा से लाभान्वित किया जा चुका है। इन दो सत्रों के दौरान 1000 से भी अधिक विधार्थी संवेदन शील व गंभीर विषय पर लाभान्वित हुए। सत्र के अंत में विधालय की वरिष्ठ उपप्राचार्य श्रीमती निधि मिश्रा ने श्री नवीन जैन वरिष्ठ आई.ए.एस. अधिकारी का आभार व्यक्त किया। श्री नवीन जैन के साथ इस अवसर पर स्पर्श टीम के वॉलिटियर डॉ. रचना शर्मा, श्रीमति प्रतिभा कौशिक एवं श्रीमती आकांक्षा जैन भी उपस्थित रहे। दोनों सत्रों का संचालन विधालय की बालिकाओं सुश्री निहारिका, सुश्री नव्या, सुश्री पहल एवं तनिष्का द्वारा किया गया एवं फोटोग्रफी सुश्री भक्ति द्वारा की गई जो अत्त्यंत प्रेरणास्पद रही।

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare
Categories:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!