सैप्टिक टैंक और सीवरेज सफाई के दौरान हो आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता-जिला कलक्टर

FacebookWhatsAppTelegramLinkedInXPrintCopy LinkGoogle TranslateGmailThreadsShare


बीकानेर, 28 जुलाई। जिले में सैप्टिक टैंक अथवा सीवरेज सफाई के दौरान सभी आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता एवं नॉर्म्स की अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। इनके अभाव में यदि किसी प्रकार की दुर्घटना होती है तो नगरीय क्षेत्रों में नगरीय निकाय प्रभारी और ग्रामीण क्षेत्रों में विकास अधिकारी इसके लिए जिम्मेदार होंगे।
जिला कलक्टर नमित मेहता ने बुधवार को हाथ से मैला ढोने वाले कार्मिकों के नियोजन एवं प्रतिषेध और इनके पुनर्वास अधिनियम के प्रावधानों की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस संबंध में जिले के सभी विकास अधिकारियों, नगरीय निकायों के प्रभारियों के साथ ही जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और संबंधित उपखण्ड अधिकारियों को पत्र भेजा जाएगा तथा इसके प्रावधानों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही इन प्रावधानों की शत-प्रतिशत अनुपालना सुनिश्चित करवाई जाएगी। यदि संरक्षात्मक साधन एवं सुरक्षा उपकरणों के अभाव में किसी प्रकार की दुर्घटना होती है, तो संबंधित जिम्मेदार अधिकारी के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी संरक्षात्मक साधनों एवं सुरक्षा उपकरणों की छह महीनों में जांच एवं आवश्यक मरम्मत की जाए।
विशेष योग्यजनों के पंजीकरण में लाएं गति
जिला कलक्टर ने बताया कि पं. दीनदयाल उपाध्याय विशेष योग्यजन पंजीकरण के तहत अब तक 8 हजार 831 दिव्यांगों के निशक्तता प्रमाण पत्र जारी किए गए हैं। वहीं मेडिकल काॅलेज स्तर पर अब तक 15 हजार 969 तथा ब्लाॅक सीएमएचओ स्तर पर 1 हजार 468 दिव्यांगों के प्रमाण पत्र अब तक लंबित हैं। उन्होंने कहा कि इस कार्य में गति लाएं और शीघ्र ही शत-प्रतिशत प्रमाण पत्र जारी करना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में शिविरों के माध्यम से 32 हजार 996 विशेष योग्यजनों का पंजीकरण हुआ था।
इस दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर (नगर) अरुण प्रकाश शर्मा, नगर निगम आयुक्त एएच गौरी, सरदार पटेल मेडिकल काॅलेज के प्राचार्य डाॅ. मुकेश आर्य, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक एल.डी. पंवार सहित विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।

Categories:
error: Content is protected !!